राष्ट्रीय समाचार
प्रथम हाइड्रोजन से चलने वाली रेलगाड़ी को झंडी

- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 17 जुलाई को हरियाणा के जींद रेलवे स्टेशन से भारत की प्रथम हाइड्रोजन ईंधन सेल से चलने वाली ट्रेन "नमो ग्रीन रेल" को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।
- यह ऐतिहासिक कदम भारतीय रेलवे के वर्ष 2030 तक 'नेट-जीरो कार्बन उत्सर्जक' बनने के राष्ट्रीय लक्ष्य का हिस्सा है।
सम्बन्धित तथ्य :
- ट्रेन का नाम: इस ट्रेन का नाम 'नमो ग्रीन रेल' रखा गया है.
- रूट (संचालन मार्ग): यह ट्रेन हरियाणा के जींद जंक्शन से सोनीपत (वाया गोहाना जंक्शन) के बीच चलेगी.
- मार्ग की लंबाई: इस रूट की कुल दूरी लगभग 89 किलोमीटर (या करीब 90 किमी) है.
- कोच की संख्या: यह 10-कोच वाली पैसेंजर ट्रेन है.
- इंजन क्षमता : इसमें 3,200 हॉर्स पावर (HP) की प्रणाली और 1,200 kW का हाइड्रोजन फ्यूल सेल सिस्टम लगाया गया है.
- रफ्तार: इसकी अधिकतम डिजाइन स्पीड 110 किमी/घंटा है, लेकिन शुरुआती परिचालन 75 किमी/घंटा की रफ्तार पर होगा.
- ईंधन क्षमता: एक बार फुल हाइड्रोजन टैंक होने पर यह ट्रेन 250 किलोमीटर तक का सफर तय कर सकती है.
- तकनीक का प्रकार: यह Proton Exchange Membrane Fuel Cell (PEMFC) तकनीक पर आधारित है.
- उत्सर्जन (Byproduct): इस प्रदूषण-मुक्त ट्रेन से धुएं की जगह सिर्फ जल वाष्प और गर्मी निकलती है.
- हाइड्रोजन डिपो: देश का पहला हाइड्रोजन स्टोरेज और रीफ्यूलिंग स्टेशन जींद (हरियाणा) में स्थापित किया गया है.
- मिशन का नाम: रेलवे की इस योजना को 'हाइड्रोजन फॉर हेरिटेज' मिशन कहा गया है, जिसके तहत ऐतिहासिक रूटों (जैसे कालका-शिमला) पर भी इसे चलाया जाएगा
राष्ट्रीय हरित हाइड्रोजन मिशन (NGHM) :
- लॉन्च: 4 जनवरी 2023 को केंद्रीय मंत्रिमंडल द्वारा मंजूरी दी गई
- नोडल मंत्रालय: नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय (MNRE)
- कुल बजट आवंटन: वित्तीय वर्ष 2029-30 तक के लिए ₹19,744 करोड़
- मिशन का लक्ष्य : वर्ष 2030 तक 50 लाख टन प्रति वर्ष हरित हाइड्रोजन का उत्पादन करना
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प्रधानमंत्री मोदी हरियाणा, चंडीगढ़ और पंजाब के दौरे पर

- प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी 17 जुलाई को हरियाणा, चंडीगढ़ और पंजाब के अधिकारिक यात्रा पर हैं, जहाँ वे 26,800 करोड़ रुपये से अधिक की विभिन्न विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया।
सम्बन्धित तथ्य :
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हरियाणा (जींद दौरा) :
- भारत की प्रथम हाइड्रोजन ईंधन सेल से चलने वाली ट्रेन "नमो ग्रीन रेल" को हरी झंडी दिखाई
- जींद के एकलव्य स्टेडियम से लगभग 14,700 करोड़ रुपये की परियोजनाओं की आधारशिला और और उनका उद्घाटन
- हरियाणा के कुरुक्षेत्र में एक आधुनिक सिख संग्रहालय की आधारशिला
चंडीगढ़ दौरा :
- चंडीगढ़ में 6,600 करोड़ रुपये से अधिक की स्वास्थ्य, शिक्षा और सड़क परियोजनाओं का शुभारंभ
- PGIMER में 'एडवांस्ड मदर एंड चाइल्ड सेंटर' और 'एडवांस्ड न्यूरोसाइंसेज सेंटर' का उद्घाटन
- सड़क संपर्क: 6-लेन वाले जीरकपुर ग्रीनफील्ड बाईपास का उद्घाटन
पंजाब (जालंधर दौरा) :
- जालंधर कैंट सहित देश भर के 75 पुनर्विकसित रेलवे स्टेशनों का उद्घाटन
- दौलतपुर चौक-कटोली रेल लाइन का उद्घाटन और कटोली-अंबाला ट्रेन सेवा के साथ-साथ अमृतसर (छहर्टा)-वाराणसी ट्रेन सेवा की शुरुआत, जो दो बड़े सांस्कृतिक केंद्रों को जोड़ेगी
- जालंधर में कनेक्टिविटी बढ़ाने के लिए 5,470 करोड़ रुपये से अधिक की परियोजनाओं का शिलान्यास व उद्घाटन
- नई ट्रेन सेवा: अमृतसर (छहर्टा) और वाराणसी के बीच 'संत रविदास एक्सप्रेस' नामक नई ट्रेन सेवा की शुरुआत की गई
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सामाजिक सुरक्षा कवरेज में भारत में भारत की उपलब्धि

- भारत ने जुलाई 2026 में सामाजिक सुरक्षा कवरेज में 100 करोड़ लाभार्थियों का ऐतिहासिक आंकड़ा पार किया।
- केंद्रीय श्रम और रोजगार मंत्रालय के अनुसार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश का सामाजिक सुरक्षा दायरा वर्ष 2015 के 19 प्रतिशत से बढ़कर वर्ष 2026 में 68.4 प्रतिशत हो गया है।
- इस बड़ी उपलब्धि की पुष्टि अंतर्राष्ट्रीय श्रम संगठन (ILO) के महानिदेशक ने ब्रिक्स (BRICS) बैठक के दौरान भी की।
सम्बन्धित तथ्य :
- कुल लाभार्थी संख्या: भारत ने 100 करोड़ (1 अरब) सामाजिक सुरक्षा लाभार्थियों का आंकड़ा पार किया है।
- वैश्विक रैंकिंग: भारत अब लाभार्थियों की संख्या के मामले में दुनिया में दूसरे (2nd) स्थान पर है।
- कवरेज प्रतिशत: देश का सामाजिक सुरक्षा दायरा साल 2015 के 19% से बढ़कर अब 68.4% हो गया है।
- मूल्यांकनकर्ता संस्था: अंतर्राष्ट्रीय श्रम संगठन (ILO) ने भारत की इन योजनाओं की पुष्टि और सराहना की है।
- कुल योजनाएं: ILO ने भारत की 32 प्रमुख सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का मूल्यांकन किया है।
- मंत्रालय: इस डेटा को केंद्रीय श्रम और रोजगार मंत्रालय द्वारा जारी किया गया है
सहायक प्रमुख योजनाएं :
आयुष्मान भारत (AB-PMJAY):
- लॉन्च: 2018 (रांची, झारखंड से)
- लाभ: प्रति परिवार प्रति वर्ष ₹5 लाख का स्वास्थ्य बीमा। यह दुनिया की सबसे बड़ी सरकारी स्वास्थ्य योजना है।
प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि (PM-KISAN):
- लॉन्च: 2019 (गोरखपुर, यूपी से)
- लाभ: किसानों को प्रति वर्ष ₹6,000 की वित्तीय सहायता (₹2,000 की 3 किस्तों में)
अटल पेंशन योजना (APY):
- लॉन्च: 2015
- लक्षित समूह: असंगठित क्षेत्र के श्रमिक (उम्र सीमा: 18 से 40 वर्ष)
ई-श्रम (e-Shram) पोर्टल:
- लॉन्च: 2021
- उद्देश्य: असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों का पहला राष्ट्रीय डेटाबेस तैयार करना
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'दिल्ली स्टार्टअप एवं इन्क्यूबेशन नीति' को मंजूरी

- दिल्ली सरकार ने राष्ट्रीय राजधानी को नवाचार, अनुसंधान और उद्यमिता का अग्रणी केंद्र बनाने के उद्देश्य से 'दिल्ली स्टार्टअप एवं इन्क्यूबेशन नीति' को मंजूरी दी।
सम्बन्धित तथ्य :
- संस्थागत कवरेज: यह नीति दिल्ली के 11 राज्य विश्वविद्यालयों, 13 सरकारी सहायता प्राप्त कॉलेजों, सरकारी आईटीआई (ITI) और पॉलिटेक्निक संस्थानों में लागू की जाएगी
- स्कूली छात्रों का जुड़ाव: दिल्ली सरकार के स्कूलों के छात्र भी इन उच्च शिक्षण संस्थानों के माध्यम से इस नीति का लाभ उठा सकेंगे.
- कुल बजट: ₹400 करोड़ से अधिक
- समय अवधि: अगले 5 वर्ष के लिए
- लक्ष्य/विजन: दिल्ली को देश का अग्रणी इनोवेशन और उद्यमिता केंद्र बनाना और युवाओं को 'जॉब सीकर' से 'जॉब क्रिएटर' बनाना
- निगरानी समिति: राज्य इन्क्यूबेशन नीति निगरानी समिति (SIPMC)
- प्रमुख उत्सव: युवाओं और निवेशकों को जोड़ने के लिए हर साल 'दिल्ली स्टार्टअप युवा महोत्सव' आयोजित किया जाएगा
- दीर्घकालिक लक्ष्य: वर्ष 2035 तक दिल्ली में कम से कम 5,000 स्टार्टअप की सुविधा उपलब्ध कराना
राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र दिल्ली - NCT :
- मुख्यमंत्री: रेखा गुप्ता
- उपराज्यपाल : तरणजीत सिंह संधू
- राजनीतिक दर्जा: दिल्ली एक केंद्र शासित प्रदेश है, जिसकी अपनी विधानसभा भी है
- विधानसभा सीटें: कुल 70 सीटें हैं
- संसद में प्रतिनिधित्व: लोकसभा में 7 सीटें और राज्यसभा में 3 सीटें हैं।
- स्थापना दिवस: 1 नवंबर 1956 को इसे केंद्र शासित प्रदेश बनाया गया, और 1991 के 69वें संविधान संशोधन द्वारा इसे 'राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र' (NCT) का दर्जा मिला
- भौगोलिक स्थिति: दिल्ली उत्तरी भारत में यमुना नदी के तट पर स्थित है
- सीमाएं: यह पूर्व में उत्तर प्रदेश तथा उत्तर, पश्चिम और दक्षिण तीनों तरफ से हरियाणा राज्य से घिरी हुई है
- कुल क्षेत्रफल: लगभग 1,484 वर्ग किलोमीटर
- कुल जिले: वर्तमान में दिल्ली में कुल 11 प्रशासनिक जिले हैं (जैसे- नई दिल्ली, मध्य दिल्ली, दक्षिण दिल्ली आदि)
- प्राचीन नाम: महाभारत काल में दिल्ली को 'इंद्रप्रस्थ' के नाम से जाना जाता था, जो पांडवों की राजधानी थी।
- दिल्ली सल्तनत: वर्ष 1206 में कुतुबुद्दीन ऐबक के समय से दिल्ली आधिकारिक रूप से दिल्ली सल्तनत की राजधानी बनी।
- मुगल काल: शाहजहाँ ने अपनी राजधानी आगरा से दिल्ली स्थानांतरित की और यहाँ 'शाहजहाँनाबाद' (वर्तमान पुरानी दिल्ली) की स्थापना की।
- ब्रिटिश काल: ब्रिटिश सरकार ने 1911 में भारत की राजधानी को कलकत्ता (अब कोलकाता) से दिल्ली स्थानांतरित करने की घोषणा की। 13 फरवरी 1931 को 'नई दिल्ली' का आधिकारिक उद्घाटन भारत की राजधानी के रूप में हुआ।
- वास्तुकार: नई दिल्ली का डिज़ाइन ब्रिटिश आर्किटेक्ट एडविन लुटियंस और हर्बर्ट बेकर ने तैयार किया था
- यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल : लाल किला, कुतुब मीनार और हुमायूँ का मकबरा।
- राष्ट्रीय प्रतीक: राष्ट्रपति भवन (रायसीना हिल पर स्थित), संसद भवन (संविधान सदन और नया संसद भवन) और इंडिया गेट
- धार्मिक एवं आधुनिक स्थल: अक्षरधाम मंदिर, लोटस टेम्पल (बहाई उपासना स्थल), जामा मस्जिद, और राष्ट्रीय समर स्मारक
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'सौश्रुतम 2026' का उद्घाटन

- राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने नई दिल्ली स्थित अखिल भारतीय आयुर्वेद संस्थान (AIIA) में आयुर्वेदिक शल्य चिकित्सा पर तीन दिवसीय अंतर्राष्ट्रीय संगोष्ठी 'सौश्रुतम 2026' का उद्घाटन किया।
सम्बन्धित तथ्य :
- आयोजन का नाम: 'सौश्रुतम 2026' – आयुर्वेदिक शल्य चिकित्सा (Surgical Science) पर तीन दिवसीय अंतर्राष्ट्रीय संगोष्ठी
- उद्घाटनकर्ता: भारत की राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मु
- आयोजन की तिथि: 15 जुलाई 2026 (सुश्रुत जयंती के अवसर पर)
- आयोजन स्थल: अखिल भारतीय आयुर्वेद संस्थान (AIIA), नई दिल्ली
- मंत्रालय: यह संगोष्ठी आयुष मंत्रालय के तत्वावधान में आयोजित की गई
- नई तकनीक का उद्घाटन: इस अवसर पर राष्ट्रपति ने AIIA में ₹14.5 करोड़ की लागत से निर्मित AI-सक्षम 3 टेस्ला हाई-फील्ड एमआरआई (MRI) सुविधा का उद्घाटन किया
- जारी रिपोर्ट: राष्ट्रीय भारतीय चिकित्सा प्रणाली आयोग (NCISM) द्वारा तैयार "आयुर्वेद महिला स्नातकों के पेशेवर करियर का मूल्यांकन" नामक रिपोर्ट जारी की गई
अन्य महत्वपूर्ण परीक्षा उपयोगी तथ्य :
- प्लास्टिक सर्जरी / शल्य चिकित्सा के जनक: आचार्य सुश्रुत
- सुश्रुत संहिता: प्राचीन भारत का प्रसिद्ध ग्रंथ जो मुख्य रूप से शल्य चिकित्सा से संबंधित है, इसकी रचना आचार्य सुश्रुत ने की थी।
- शल्य तंत्र (Shalya Tantra): आयुर्वेद की वह शाखा जो सर्जिकल हस्तक्षेप, आघात देखभाल और घाव प्रबंधन से संबंधित है।
- AIIA का मुख्यालय: अखिल भारतीय आयुर्वेद संस्थान (AIIA) नई दिल्ली में स्थित है।
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प्रोजेक्ट INROAD की उपलब्धियां

- इंडियन नेचुरल रबर ऑपरेशंस फॉर असिस्टेड डेवलपमेंट (INROAD) परियोजना ने पूर्वोत्तर और पश्चिम बंगाल में 2 लाख हेक्टेयर के लक्ष्य के विरुद्ध 1.79 लाख हेक्टेयर नए रबर बागान पूरा किया।
प्रोजेक्ट इनरोड (INROAD) :
- पूरा नाम: इंडियन नेचुरल रबर ऑपरेशंस फॉर असिस्टेड डेवलपमेंट
- शुरुआत: इसे वित्तीय वर्ष 2021-22 में लॉन्च किया गया था
- प्रकृति: यह अपनी तरह की पहली वैश्विक सार्वजनिक-निजी भागीदारी (PPP) पहल है, जहाँ टायर उद्योग सीधे तौर पर रबर बागानों के विकास में निवेश कर रहा है
- वित्तीय भागीदारी: यह ₹1,100 करोड़ की कुल लागत वाली परियोजना है, जिसे 'ऑटोमोटिव टायर मैन्युफैक्चरर्स एसोसिएशन' (ATMA) के तहत चार प्रमुख टायर कंपनियों (अपोलो टायर्स, सीईएटी, जेके टायर और एमआरएफ) द्वारा वित्तपोषित किया गया है
- कार्यान्वयन: इस परियोजना का क्रियान्वयन वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय के अधीन एक वैधानिक निकाय भारतीय रबर बोर्ड द्वारा किया जा रहा है
- विस्तार क्षेत्र: यह परियोजना पूर्वोत्तर भारत के राज्यों (असम, अरुणाचल प्रदेश, मणिपुर, मेघालय, मिजोरम, नगालैंड, त्रिपुरा) और पश्चिम बंगाल के 113 जिलों में संचालित की जा रही है
- आगामी चरण: iSPEED पहलचूंकि बागान अब उत्पादन के चरण में प्रवेश कर रहे हैं, इसलिए इस योजना के अगले चरण के रूप में ₹145 करोड़ की लागत से iSPEED (INROAD Skilling and Production Efficiency Enhancement Drive) शुरू की जा रही है।
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अंतर्राष्ट्रीय समाचार
'सर्ही कोरेत्स्की' यूक्रेन के नए प्रधानमंत्री

- यूक्रेन की संसद ने 'सर्ही कोरेत्स्की' को देश का नया प्रधानमंत्री नियुक्त करने की मंजूरी दी।
- राष्ट्रपति वलोद्यमीर ज़ेलेंस्की द्वारा नामित कोरेत्स्की के पक्ष में संसद में 289 सांसदों ने मतदान किया।
- कोरेत्स्की मई 2025 से यूक्रेन की राष्ट्रीय तेल और गैस कंपनी नाफ्टोगाज़ के मुख्य कार्यकारी अधिकारी के रूप में कार्यरत थे।
यूक्रेन :
- राजधानी : कीव
- मुद्रा : यूक्रेनी रिव्निया
- राष्ट्रपति : वलोद्यमीर ज़ेलेंस्की
- प्रधान मंत्री : सर्ही कोरेत्स्की
- स्थल सीमाएं (7 देश): यूक्रेन कुल सात देशों के साथ अपनी जमीनी सीमा साझा करता है: रूस (उत्तर-पूर्व और पूर्व), बेलारूस (उत्तर), पोलैंड (पश्चिम), स्लोवाकिया (पश्चिम), हंगरी (पश्चिम), रोमानिया (दक्षिण-पश्चिम), मोल्दोवा (दक्षिण-पश्चिम)
- समुद्री सीमा: दक्षिण में यह काला सागर और अज़ोव सागर से घिरा हुआ है।
- कर्च जलडमरूमध्य : यह जलमार्ग अज़ोव सागर को काले सागर से जोड़ता है और यूक्रेन को रूस के क्रास्नोडार क्षेत्र से अलग करता है।
- प्रमुख नदियाँ: नीपर, नीस्टर, दक्षिणी बुग और डोनेट्स प्रमुख नदियाँ हैं जो मुख्य रूप से काले सागर में गिरती हैं।
- संसद का नाम : वेरखोव्ना राडा
- भारत, सोवियत संघ के पतन के बाद यूक्रेन को मान्यता देने वाले शुरुआती देशों में से था और जनवरी 1992 में दोनों देशों के बीच राजनयिक संबंध स्थापित हुए
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कौशल सेतु' और 'कौशल सारथी' नामक दो डिजिटल पोर्टल का शुभारंभ

- उत्तर प्रदेश सरकार ने युवाओं को हुनरमंद बनाने के उद्देश्य से कौशल सेतु' और 'कौशल सारथी' नामक दो डिजिटल पोर्टल का शुभारंभ किया।
सम्बन्धित तथ्य :
- पोर्टल के नाम: इन दो डिजिटल प्लेटफॉर्म्स के नाम 'कौशल सेतु' और 'कौशल सारथी' हैं
- लॉन्च की तिथि: इन्हें 15 जुलाई 2026 को लॉन्च किया गया
- अवसर: यह लॉन्च 'विश्व युवा कौशल दिवस' के अवसर पर किया गया
- आयोजन स्थल: इस राज्य स्तरीय कार्यक्रम का आयोजन लखनऊ के इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में किया गया
- उद्घाटनकर्ता: व्यावसायिक शिक्षा, कौशल विकास और उद्यमिता राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कपिल देव अग्रवाल ने इनका उद्घाटन किया
- MoU (समझौता): यूपी कौशल विकास मिशन (UPSDM) ने रोबोटिक्स और AI (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) ट्रेनिंग के लिए केएलके प्राइवेट लिमिटेड और विंसम टेक्सटाइल इंडस्ट्रीज लिमिटेड के साथ समझौता किया है
- कॉफी टेबल बुक: इस अवसर पर 'स्किलिंग द फ्यूचर उत्तर प्रदेश: जर्नी फ्रॉम ट्रेनिंग टू ट्रांसफॉर्मेशन' नामक पुस्तक का विमोचन किया गया
उत्तर प्रदेश सामान्य जानकारी :
- राजधानी: लखनऊ (गोमती नदी के किनारे स्थित)
- मुख्यमंत्री: योगी आदित्यनाथ
- राज्यपाल: आनंदीबेन
- जिलों की संख्या: कुल 75 जिले और 18 मंडल हैं।
- द्विसदनीय विधायिका : उत्तर प्रदेश में विधानसभा और विधान परिषद दोनों हैं
- लोकसभा सीटें: 80 (देश में सबसे ज्यादा राजनीतिक प्रतिनिधित्व)
- राज्यसभा सीटें: 31
- राजकीय पशु: बारहसिंघा
- राजकीय पक्षी: सारस क्रेन
- राजकीय वृक्ष: अशोक
- राजकीय पुष्प: पलाश
- राजकीय जलीय जीव: गंगा डॉल्फिन
- राजकीय चिन्ह: एक वृत्त के भीतर दो मछलियां और तीर-धनुष (यह चिन्ह 1938 में स्वीकृत हुआ था
- शास्त्रीय नृत्य : कथक, इसका उद्गम उत्तर प्रदेश में ही हुआ था।
- प्रमुख लोक नृत्य: चरकुला, रासलीला, नौटंकी, कजरी, और झूला
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अर्थव्यवस्था तथा बेंकिंग
बैंक ऑफ कोरिया ने तीन ब्याज दर बढ़ाई

- बैंक ऑफ कोरिया (दक्षिण कोरिया के सेंट्रल बैंक) ने देश की मौद्रिक नीति को कड़ा करते हुए अपनी बेंचमार्क नीति दर (ब्याज दर) को 0.25 प्रतिशत (25 आधार अंक) बढ़ा दिया है, जिससे यह 2.50% से बढ़कर 2.75% हो गई है।
सम्बन्धित तथ्य :
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दक्षिण कोरिया (कोरिया गणराज्य) :
- पूर्वी एशिया में स्थित एक विकसित लोकतांत्रिक देश है जो कोरियाई प्रायद्वीप के दक्षिणी भाग को कवर करता है।
- आधिकारिक नाम: कोरिया गणराज्य
- राजधानी: सियोल , जो दुनिया के सबसे बड़े महानगरीय क्षेत्रों में से एक है।
- संसद का नाम : नेशनल असेंबली
- आधिकारिक भाषा: कोरियाई (हंगुल लिपि में लिखी जाती है)
- मुद्रा: दक्षिण कोरियाई वॉन (KRW)
- सीमाएँ: उत्तर में उत्तर कोरिया (DMZ द्वारा विभाजित), पश्चिम में पीला सागर, और पूर्व में जापान सागर
- भू-आकृति: देश का लगभग 70% हिस्सा पहाड़ी है। हल्लासन सबसे ऊँची चोटी है, जो जेजू द्वीप पर स्थित है।
प्रमुख देशों के केंद्रीय बैंक :
- भारत (India): भारतीय रिज़र्व बैंक (Reserve Bank of India - RBI)
- अमेरिका (USA): फेडरल रिज़र्व (Federal Reserve - इसे आमतौर पर 'द फेड' भी कहा जाता है)
- यूनाइटेड किंगडम (UK): बैंक ऑफ इंग्लैंड (Bank of England)
- चीन (China): पीपल्स बैंक ऑफ चाइना (People's Bank of China - PBOC)
- जापान (Japan): बैंक ऑफ जापान (Bank of Japan - BOJ)
- यूरोपीय संघ (European Union): यूरोपीय केंद्रीय बैंक (European Central Bank - ECB) (यह यूरो अपनाने वाले 20 देशों का साझा बैंक है)
- रूस (Russia): बैंक ऑफ रूस (Bank of Russia / Central Bank of the Russian Federation)
- ऑस्ट्रेलिया : रिज़र्व बैंक ऑफ ऑस्ट्रेलिया (Reserve Bank of Australia - RBA)
- कनाडा : बैंक ऑफ कनाडा (Bank of Canada)
- दक्षिण कोरिया : बैंक ऑफ कोरिया (Bank of Korea - BOK)
- पाकिस्तान : स्टेट बैंक ऑफ पाकिस्तान (State Bank of Pakistan - SBP)
- बांग्लादेश : बांग्लादेश बैंक (Bangladesh Bank)
- श्रीलंका : श्रीलंका का केंद्रीय बैंक (Central Bank of Sri Lanka - CBSL)
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कला और संस्कृति
वार्षिक कांग चिंगबा उत्सव

- मणिपुर में वार्षिक कांग चिंगबा उत्सव मनाया गया।
- इसे 'मणिपुर की रथ यात्रा' भी कहा जाता है और यह ओडिशा के पुरी में होने वाली जगन्नाथ रथ यात्रा के समान ही मनाई जाती है।
कांग चिंगबा महोत्सव :
- राज्य : मणिपुर
- समुदाय : वैष्णव मेइतेई समुदाय
- त्योहार का दूसरा नाम: मणिपुर की स्थानीय रथ यात्रा या कांग जात्रा
- किस हिंदू महीने में: आषाढ़ मास में (अंग्रेजी कैलेंडर में जून या जुलाई)
- मुख्य देवता: भगवान जगन्नाथ, बलभद्र और सुभद्रा
- मुख्य मंदिर: श्री श्री गोविंदाजी मंदिर (इम्फाल, मणिपुर)
- अवधि: 10 दिनों तक चलने वाला उत्सव
- विशेष नृत्य (Dance): 'चोइतेप चोंगबा' और संकीर्तन
- शुरुआत किसने की: 19वीं शताब्दी में महाराजा गंभीर सिंह ने
मणिपुर के अन्य प्रसिद्ध त्योहार :
- लाई हाराओबा : देवताओं को प्रसन्न करने के लिए मनाया जाने वाला मेइतेई समुदाय का सबसे पुराना सांस्कृतिक त्योहार।
- याओशांग : मणिपुर की 'होली' (यह 5 दिनों तक मनाई जाती है और इसका मुख्य आकर्षण 'थाबल चोंगबा' नृत्य है)।
- साजिबू चेराओबा : मेइतेई समुदाय का पारंपरिक नववर्ष त्योहार।
- चुम्फा : तांगखुल नागा जनजाति द्वारा फसल कटाई के बाद मनाया जाने वाला त्योहार।
- शिरुई लिली महोत्सव : मणिपुर के राज्य फूल 'शिरुई लिली' के संरक्षण और पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए उखरुल जिले में आयोजित उत्सव।
- संगाई महोत्सव : मणिपुर का सबसे बड़ा राजकीय पर्यटन उत्सव (मणिपुर के राज्य पशु 'संगाई हिरण' के नाम पर)
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चर्चित व्यक्ति
डॉ. एस. सोमनाथ

- भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) के पूर्व अध्यक्ष डॉ. एस. सोमनाथ, चेन्नई स्थित अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी स्टार्टअप 'अग्निकुल कॉसमॉस' के निदेशक मंडल में पर्यवेक्षक (ऑब्जर्वर) के रूप में शामिल हो गए हैं।
- यह नियुक्ति कंपनी द्वारा अपने महत्वाकांक्षी 'मिशन 02' की तैयारी के बीच की गई है।
सम्बन्धित तथ्य :
- चर्चा में क्यों? ISRO के पूर्व अध्यक्ष डॉ. एस. सोमनाथ चेन्नई के स्पेस स्टार्टअप 'अग्निकुल कॉस्मॉस' के बोर्ड में पर्यवेक्षक के रूप में शामिल हुए हैं।
- ISRO कार्यकाल: डॉ. एस. सोमनाथ जनवरी 2022 से जनवरी 2025 तक इसरो के अध्यक्ष रहे। उनके कार्यकाल में ही चंद्रयान-3 और आदित्य-L1 मिशन लॉन्च हुए थे।
- अग्निकुल कॉस्मॉस क्या है? यह चेन्नई (तमिलनाडु) में स्थित भारत का एक प्रमुख निजी अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी स्टार्टअप है।
- मिशन 02 (Mission 02): यह अग्निकुल कॉस्मॉस का आगामी बड़ा मिशन है, जिसका उद्देश्य रॉकेट के बूस्टर को समुद्र से वापस सुरक्षित प्राप्त करना है।
- पहला 3D-प्रिंटेड रॉकेट इंजन: अग्निकुल ने दुनिया का पहला सिंगल-पीस 3D-printed रॉकेट इंजन बनाया है, जिसका नाम 'अग्निबाण' है।
- पहला निजी लॉन्चपैड: अग्निकुल कॉस्मॉस ने सतीश धवन अंतरिक्ष केंद्र (श्रीहरिकोटा) में भारत का पहला निजी रॉकेट लॉन्चपैड स्थापित किया है
भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO):
- भारत की राष्ट्रीय अंतरिक्ष एजेंसी है, जो अंतरिक्ष विभाग (Department of Space : DOS) के तहत काम करती है और सीधे प्रधानमंत्री को रिपोर्ट करती है
- स्थापना: 15 अगस्त 1969
- जनक: डॉ. विक्रम साराभाई (इन्हें भारतीय अंतरिक्ष कार्यक्रम का जनक कहा जाता है)
- मुख्यालय: बेंगलुरु, कर्नाटक
- पूर्ववर्ती संस्था: इसरो से पहले 1962 में INCOSPAR (भारतीय राष्ट्रीय अंतरिक्ष अनुसंधान समिति) का गठन हुआ था
- प्रथम भारतीय उपग्रह: आर्यभट्ट (19 अप्रैल 1975 को सोवियत संघ के रॉकेट द्वारा प्रक्षेपित)
- भारत की भूमि से छोड़ा गया पहला उपग्रह: रोहिणी (RS-1) (1980 में भारत के पहले स्वदेशी रॉकेट SLV-3 द्वारा लॉन्च)
- प्रथम भारतीय अंतरिक्ष यात्री: राकेश शर्मा (3 अप्रैल 1984 को सोवियत संघ के 'सोयुज टी-11' मिशन से अंतरिक्ष में गए)
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रिर्पोट एवं सूचकांक
'राष्ट्रीय टीकाकरण कवरेज के वैश्विक अनुमान'

- विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) और यूनिसेफ (UNICEF) ने 'राष्ट्रीय टीकाकरण कवरेज के वैश्विक अनुमान' (WUENIC रिपोर्ट) जारी किया है।
रिर्पोट के अनुसार :
- WHO और यूनिसेफ के अनुसार, वर्ष 2025 में वैश्विक 13.5 मिलियन 'जीरो-डोज़' (बिना किसी टीके वाले) बच्चों में भारत के 6.79 लाख (679,000) बच्चे शामिल हैं, जो 2024 के 9.09 लाख से काफी कम हैं।
- इस सुधार के साथ भारत सबसे अधिक 'जीरो-डोज़' बच्चों वाले शीर्ष 10 देशों की सूची से बाहर हो गया है। नाइजीरिया 22 लाख (2.2 मिलियन) बिना टीकाकरण वाले बच्चों के साथ पहले स्थान पर है।
- विश्व स्तर पर 90% (11.6 करोड़) शिशुओं को डीटीपी (डिप्थीरिया, टेटनस और पर्टुसिस) वैक्सीन की कम से कम एक खुराक तथा 85% (11 करोड़) शिशुओं को तीनों खुराकें मिलीं।
- बिना टीकाकरण वाले बच्चों की संख्या पिछले वर्ष की तुलना में लगभग 7.5 लाख कम हुई है।
- अनुमानित 73 लाख शिशुओं ने डीटीपी की पहली खुराक लेने के बाद खसरे (MCV1) की पहली खुराक से पहले टीकाकरण छोड़ दिया, जिससे केवल 84% बच्चों को MCV1 और 77% को MCV2 मिल सकी।
- वर्ष 2025 में 57 देशों ने खसरे के बड़े या गंभीर प्रकोपों की सूचना दी।
- 195 देशों के आंकड़ों के अनुसार, 100 देशों ने 2019 से डीटीपी की तीनों खुराकों का 90% या उससे अधिक कवरेज बनाए रखा है, जबकि 2019 में 90% से कम कवरेज वाले देशों में से 30 देशों ने सुधार किया, लेकिन 65 देश अभी भी स्थिर या पिछड़ रहे हैं।
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पर्यावरण समाचार
डैमसेलफ्लाई की नई प्रजातियों की खोज

- वैज्ञानिकों ने केरल के पश्चिमी घाट में डैमसेलफ्लाई की नई प्रजाति 'लेस्टेस पलोटी' की खोज की है।
- इस खोज को इंटरनेशनल जर्नल ऑफ ओडोनाटोलॉजी में प्रकाशित किया गया है , जो ड्रैगनफ्लाई और डैमसेल्फलाई पर शोध के लिए समर्पित एक अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रतिष्ठित पीयर-रिव्यू जर्नल है।
सम्बन्धित तथ्य :
- प्रजाति का नाम: 'लेस्टेस पलोटी'। यह 'स्प्रेडविंग डैमसेलफ्लाई' (Spreadwing Damselfly) की एक नई प्रजाति है
- खोज का स्थान: केरल का पश्चिमी घाट
- नामकरण का आधार: इसका नाम भारतीय प्राणी सर्वेक्षण (ZSI) के वैज्ञानिक मुहम्मद जाफर पलोट के सम्मान में रखा गया है, जिन्होंने जैव विविधता के अध्ययन में महत्वपूर्ण योगदान दिया है
- प्रकाशन: यह महत्वपूर्ण खोज ड्रैगनफ्लाई और डैमसेलफ्लाई पर शोध के लिए समर्पित प्रतिष्ठित 'इंटरनेशनल जर्नल ऑफ ओडोनाटोलॉजी' में प्रकाशित हुई है।
- चार दशकों का अंतराल: भारत में Lestes जीनस (वंश) के तहत खोजी गई यह पिछले 40 वर्षों (लगभग चार दशक) में पहली नई प्रजाति है। इससे पहले 1987 में लेस्टेस गारोएन्सिस की खोज की गई थी
- पश्चिमी घाट में एक सदी बाद: पश्चिमी घाट क्षेत्र से Lestes जीनस की किसी प्रजाति की खोज लगभग 100 साल (एक सदी) बाद हुई है। इससे पहले वर्ष 1929 में लेस्टेस मालाबारिकस की पहचान की गई थी
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बंदर की एक नई और दुर्लभ प्रजाति ‘कोलोबस कांगोएन्सिस’ की खोज

- अफ्रीका के डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ कांगो (DRC) के घने वर्षावनों में वैज्ञानिकों ने बंदर की एक नई और दुर्लभ प्रजाति ‘कोलोबस कांगोएन्सिस’ की खोज की है।
- स्थानीय बालंगा जातीय समूह के लोग इसे अपनी भाषा में ‘लिक्वेली’ कहते हैं।
- प्रतिष्ठित विज्ञान पत्रिका PLOS One में 15 जुलाई 2026 को प्रकाशित इस शोध को प्राइमेट विज्ञान के क्षेत्र में एक बहुत बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है, क्योंकि पिछले 75 वर्षों में अफ्रीका में खोजी गई यह केवल पांचवीं नई बंदर प्रजाति है।
सम्बन्धित तथ्य :
- खोज का समय: जुलाई 2026 में वैज्ञानिकों ने इस नई प्रजाति की पुष्टि की है।
- वैज्ञानिक नाम: कोलोबस कांगोएन्सिस
- स्थानीय नाम: वहाँ के स्थानीय लोग इसे 'लिक्वेली' (Likweli) कहते हैं।
- दुर्लभता: यह पिछले 75 वर्षों में अफ्रीका में खोजी गई बंदरों की केवल पांचवीं नई प्रजाति है।
- देश: डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ कांगो (DRC / कांगो गणराज्य)
- विशेष स्थान: यह मुख्य रूप से लोमामी राष्ट्रीय उद्यान के जंगलों में पाया गया है।
- भौगोलिक क्षेत्र: कांगो बेसिन – यह दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा वर्षावन क्षेत्र है
- रंग: इस बंदर का शरीर चमकीला काला होता है।
- होंठ: इसके होंठ गुलाबी-नारंगी रंग के होते हैं, जो इसकी सबसे बड़ी पहचान है।
- आवाज: यह अपनी विशिष्ट गर्जनापूर्ण आवाज के लिए जाना जाता है
- IUCN श्रेणी: इसे 'संकटग्रस्त' (Endangered) श्रेणी में रखने की सिफारिश की गई है।
- पिछली खोज: इसी राष्ट्रीय उद्यान (लोमामी) में वर्ष 2012 में 'लेसुला' (Lesula) नाम के बंदर की खोज हुई थी
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खेल समाचार
ICC ने आगामी वनडे वर्ल्ड कप के नियम में बदलावों को मंजूरी दी

- अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (ICC) ने जुलाई 2026 में अपनी वार्षिक बैठक के दौरान आगामी वनडे वर्ल्ड कप 2027 और टी-20 वर्ल्ड कप 2028 के प्रारूप (टूर्नामेंट फॉर्मेट) में ऐतिहासिक बदलावों को मंजूरी दी।
सम्बन्धित तथ्य :
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2027 पुरुष वनडे वर्ल्ड कप का नया प्रारूप (साउथ अफ्रीका, जिम्बाब्वे और नामीबिया) :
- टूर्नामेंट में कुल 14 टीमें ही भाग लेंगी, लेकिन पहले से तय 'सुपर-6' चरण को हटाकर एक नया थ्री-स्टेज (तीन चरणों वाला) सिस्टम लागू किया गया है
- चरण 1: सुपर सीरीज (Super Series): क्वालिफाई करने वाली 14 टीमों में से सबसे कम रैंकिंग वाली 3 टीमें (12वें, 13वें और 14वें स्थान की) आपस में राउंड-रॉबिन मैच खेलेंगी। इसमें शीर्ष पर रहने वाली केवल एक टीम अगले दौर में जाएगी और बाकी 2 टीमें शुरुआती स्टेज में ही बाहर हो जाएंगी
- चरण 2: मुख्य ग्रुप स्टेज (Group Stage): मुख्य ड्रॉ में बची 12 टीमों को 6-6 के दो ग्रुप में बांटा जाएगा। दोनों ग्रुपों से शीर्ष 3-3 टीमें और दोनों ग्रुपों को मिलाकर 'अगली सर्वश्रेष्ठ चौथी टीम' (नेट रन रेट/अंकों के आधार पर) आगे बढ़ेगी
- चरण 3: सुपर-7 (Super 7): पिछले 'सुपर-6' के स्थान पर अब 7 टीमें इस राउंड में पहुंचेंगी। ये सातों टीमें आपस में एक-एक मैच खेलेंगी (कुल 21 मैच)। इसके बाद अंक तालिका की शीर्ष 4 टीमें सेमीफाइनल के लिए क्वालिफाई करेंगी।
2028 पुरुष टी-20 वर्ल्ड कप का नया प्रारूप (ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड) :
- ग्रुप स्टेज में बदलाव: पहले 5-5 टीमों के 4 ग्रुप होते थे, जिन्हें बदलकर अब 4-4 टीमों के 5 ग्रुप बनाए जाएंगे। हर ग्रुप से शीर्ष 2 टीमें आगे बढ़ेंगी, जिससे कुल 10 टीमें सुपर-10 चरण में पहुंचेंगी
- सुपर-10 राउंड (Super 10): इन 10 टीमों को 5-5 के दो ग्रुप में विभाजित किया जाएगा
- दोनों सुपर-10 ग्रुप की विजेता टीमें (नंबर 1 स्थान) सीधे सेमीफाइनल में प्रवेश करेंगी।
क्रिक्रट :
- जन्मदाता देश : इंग्लैण्ड
- प्रथम टेस्ट मैच : 1877, ऑस्ट्रेलिया एवं इंग्लैंड के बीच मेलबर्न में था
- प्रथम अंतर्राष्ट्रीय मैच : 1844, यूएसए एवं कनाडा के बीच न्यूयॉर्क में
- प्रथम वन डे मैच : 1971ऑस्ट्रेलिया एवं इंग्लैंड के बीच मेलबर्न में
- सर्वोच्च संस्था : ICC, स्थापना : 1909, मुख्यालय : दुबई
- भारत में : BCCI, स्थापना : 1928, मुख्यालय : मुंबई
- प्रथम वर्ल्ड कप : 1975, इग्लैंड
- प्रथम 20-20 विश्व कप : 2007, दक्षिण अफ्रीका, विजेता : भारत
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