16 March, 2026
60वां ज्ञानपीठ पुरस्कार
Wed 18 Mar, 2026
संदर्भ :
- तमिल कवि, गीतकार और उपन्यासकार आर. वैरामुथु को 60वें ज्ञानपीठ पुरस्कार (वर्ष 2025 के लिए) के लिए चुना गया।
मुख्य बिन्दु :
- वे यह सर्वोच्च साहित्यिक सम्मान पाने वाले तीसरे तमिल लेखक हैं। इनसे अखिलन (1975) और जयकांतन (2002) को प्रदान किया जा चुका है ।
- चार दशकों से अधिक के करियर में, उन्होंने 37 से अधिक पुस्तकें लिखी हैं और 7 राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार जीते हैं।
- उन्होंने अपने उपन्यास कल्लिकट्टू इतिहासम के लिये साहित्य अकादमी पुरस्कार (2003) भी जीता।
- उन्हें वर्ष 2003 में पद्म श्री और वर्ष 2014 में पद्म भूषण से भी सम्मानित किया गया था।
- प्रमुख कृतियाँ : कल्लिकाट्टु एथिकासम, करुवाची काव्यम, तन्नी देसम, मूंद्राम उलग पोर (तीसरा विश्व युद्ध)
ज्ञानपीठ पुरस्कार:
- सर्वोच्च साहित्यिक सम्मान है, जिसकी स्थापना 1961 में भारतीय ज्ञानपीठ ट्रस्ट द्वारा की गई थी।
- ज्ञानपीठ पुरस्कार को "भारतीय साहित्य का नोबेल पुरस्कार" माना जाता है।
- यह पुरस्कार उद्योगपति साहू शांति प्रसाद जैन और उनकी पत्नी रमा जैन द्वारा वर्ष 1944 में स्थापित एक सांस्कृतिक संगठन भारतीय ज्ञानपीठ के माध्यम से स्थापित किया गया था।
- प्रथम पुरस्कार 1965 में मलयालम कवि जी. शंकर कुरुप को उनकी कृति ओटक्कुष़ल के लिए दिया गया
- पहली महिला पुरस्कार प्राप्तकर्त्ता वर्ष 1976 में आशापूर्णा देवी (बंगाली) थीं और अंग्रेज़ी भाषा के पहले विजेता वर्ष 2018 में अमिताव घोष थे
- मरणोपरांत कोई पुरस्कार नहीं दिया जाता है।
- उद्देश्य: भारतीय भाषाओं में साहित्यिक उत्कृष्टता को सम्मानित करना
- पुरस्कार राशि: वर्तमान में 11 लाख रुपये, वाग्देवी की कांस्य प्रतिमा और प्रशस्ति-पत्र
चयन प्रक्रिया एवं पात्रता :
- भाषाएँ: भारतीय संविधान की 8वीं अनुसूची की 22 भाषाएँ (2013 से अंग्रेजी भी शामिल)
- चयन मानदंड: लेखक का समग्र साहित्यिक योगदान (1982 से पहले एकल कृति के लिए दिया जाता था)
उल्लेखनीय विजेता:
- सुमित्रानंदन पंत (1968, हिंदी), महादेवी वर्मा (1982, हिंदी)
- 2023 के विजेता: संस्कृत विद्वान जगद्गुरु रामभद्राचार्य और उर्दू कवि गुलज़ार
- 2024 के विजेता: हिंदी लेखक विनोद कुमार शुक्ल (छत्तीसगढ़ के पहले विजेता)
कुछ मुख्य तथ्य:
- प्रारंभ में (1950 में) केवल 14 भाषाएँ शामिल थीं
- Sindhi भाषा को 1967 में जोड़ा गया (21वाँ संशोधन)
- Konkani, Manipuri, Nepali को 1992 में जोड़ा गया (71वाँ संशोधन)
- Bodo, Dogri, Maithili, Santhali को 2003 में जोड़ा गया (92वाँ संशोधन)









