09 February, 2026
फ्रांस के साथ ‘विशेष वैश्विक रणनीतिक साझेदारी’ की घोषणा
Thu 19 Feb, 2026
संदर्भ:
- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने फ्रांस के साथ ‘विशेष वैश्विक रणनीतिक साझेदारी’ (Special Global Strategic Partnership) शुरू करने की घोषणा की।
मुख्य बिन्दु :
- यह कदम 1998 में शुरू हुई रणनीतिक साझेदारी के 25 वर्ष पूरे होने और ‘होराइजन 2047’ (Horizon 2047) रोडमैप को आगे बढ़ाने की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम है।
- यह साझेदारी अब केवल 'खरीदार-विक्रेता' संबंधों से आगे बढ़कर सह-विकास और सह-उत्पादन पर केंद्रित है।
रक्षा और सुरक्षा सहयोग (Cornerstone of Ties) :
- यह साझेदारी अब केवल 'खरीदार-विक्रेता' संबंधों से आगे बढ़कर सह-विकास और सह-उत्पादन पर केंद्रित है।
- H125 हेलीकॉप्टर असेंबली लाइन: कर्नाटक के वेमगल में टाटा एडवांस्ड सिस्टम्स और एयरबस द्वारा भारत की पहली निजी क्षेत्र की हेलीकॉप्टर निर्माण सुविधा का उद्घाटन किया गया।
- राफेल और स्कॉर्पीन: भारतीय वायुसेना के लिए 114 अतिरिक्त राफेल विमानों और नौसेना के लिए 26 राफेल-एम (Marine) जेट्स की खरीद पर प्रगति हुई है। साथ ही, स्कॉर्पीन पनडुब्बी कार्यक्रम (P75) के तहत छठी पनडुब्बी 'वाग्शीर' जनवरी 2025 में सौंपी गई।
- HAMMER मिसाइल: भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड (BEL) के साथ मिलकर भारत में ही 'हैमर' मिसाइलों के उत्पादन के लिए संयुक्त उद्यम की घोषणा की गई।
नवाचार और भविष्य की तकनीक (Year of Innovation 2026) :
- वर्ष 2026 को 'भारत-फ्रांस नवाचार वर्ष' (India-France Year of Innovation) के रूप में घोषित किया गया है।
- आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI): दोनों देशों ने 'AI इम्पैक्ट समिट 2026' में भाग लिया और एम्स (AIIMS), नई दिल्ली में 'इंडो-फ्रेंच सेंटर फॉर AI इन हेल्थ' लॉन्च किया।
- महत्वपूर्ण खनिज: स्वच्छ ऊर्जा और उन्नत विनिर्माण के लिए महत्वपूर्ण खनिजों (Critical Minerals) और दुर्लभ मृदा तत्वों (Rare Earths) पर सहयोग के लिए एक संयुक्त घोषणा पत्र पर हस्ताक्षर किए गए।
ऊर्जा और जलवायु परिवर्तन :
- नाभिकीय ऊर्जा: जैतापुर परमाणु ऊर्जा परियोजना के अलावा, दोनों देश SMR (Small Modular Reactors) और AMR (Advanced Modular Reactors) विकसित करने पर सहमत हुए हैं।
- नवीकरणीय ऊर्जा: 'इंटरनेशनल सोलर एलायंस' के माध्यम से सौर ऊर्जा और ग्रीन हाइड्रोजन के क्षेत्र में सहयोग को और मजबूत किया जा रहा है।
रणनीतिक स्वायत्तता और बहुध्रुवीय विश्व (Strategic Significance) :
- बहुध्रुवीयता: भारत और फ्रांस दोनों ही 'रणनीतिक स्वायत्तता' (Strategic Autonomy) के समर्थक हैं, जिसका अर्थ है कि वे किसी भी महाशक्ति गुट का हिस्सा बने बिना अपनी स्वतंत्र विदेश नीति बनाए रखना चाहते हैं।
- इंडो-पैसिफिक क्षेत्र: फ्रांस, रियूनियन द्वीप जैसे अपने विदेशी क्षेत्रों के कारण भारत का समुद्री पड़ोसी है। दोनों देश इस क्षेत्र में नौवहन की स्वतंत्रता और सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए मिलकर काम कर रहे हैं।
- वैश्विक मंच: फ्रांस ने भारत को 2026 में होने वाले G7 शिखर सम्मेलन में आमंत्रित किया है, जो वैश्विक प्रशासन में भारत की बढ़ती भूमिका को दर्शाता है।
होराइजन 2047: भारत–फ्राँस रणनीतिक रोडमैप :
- उद्देश्य: भारत की स्वतंत्रता और राजनयिक संबंधों की शताब्दी मनाते हुए, वर्ष 2047 तक भारत-फ्राँस संबंधों के भविष्य की रूपरेखा तैयार करना।
- अंगीकृत: जुलाई 2023 में, भारतीय प्रधानमंत्री के फ्राँस दौरे के दौरान।
मुख्य क्षेत्र :
- रक्षा: सहयोग को बढ़ाना और संयुक्त परियोजनाओं को सुदृढ़ करना।
- अंतरिक्ष: ISRO–CNES सहयोग को मजबूत करना।
- परमाणु ऊर्जा: जैतापुर परियोजना और मॉड्यूलर रिएक्टरों के माध्यम से सतत् ऊर्जा समाधानों पर ध्यान केंद्रित करना।
- नवाचार और प्रौद्योगिकी: आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, साइबर सुरक्षा और डिजिटल अवसंरचना में प्रगति को बढ़ावा देना।
- सतत् विकास: जलवायु कार्रवाई, ब्लू इकोनॉमी और स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा देना।
- सांस्कृतिक आदान-प्रदान: जन-से-जन संबंधों को सशक्त बनाना।
- इंडो-पैसिफिक: क्षेत्रीय सहयोग के लिए विशिष्ट रोडमैप तैयार करना।
- उद्देश्य: रणनीतिक स्वायत्तता सुनिश्चित करना, वैश्विक चुनौतियों का सामूहिक रूप से सामना करना और नवाचार को बढ़ावा देना।
फ्राँस :
- उत्तरी और पूर्वी दोनों गोलार्द्धों में अवस्थित है
- राजधानी: पेरिस (Paris)
- मुद्रा: यूरो (Euro - €)
- आधिकारिक भाषा: फ्रांसीसी (French)
सीमावर्ती देश :
- बेल्जियम : उत्तर में
- लक्जमबर्ग : उत्तर–पूर्व में
- जर्मनी : पूर्व में, राइन नदी के साथ सीमा
- स्विट्जरलैंड: पूर्व में, जूरा पर्वत द्वारा पृथक होती है।
- इटली: दक्षिण–पूर्व में, आल्प्स द्वारा पृथक होती है।
- मोनाको (दक्षिण–पूर्वी एन्क्लेव)
- अंडोरा: दक्षिण–पश्चिम में, पिरेनीज में स्थित
- स्पेन: दक्षिण–पश्चिम में, सीमा पिरेनीज पर्वतमाला के साथ
रणनीतिक समुद्री ‘चोक प्वाइंट्स’ एवं द्वीप :
- डोवर जलडमरूमध्य: इंग्लिश चैनल का सबसे संकरा भाग, जो फ्राँस (कैले) को ब्रिटेन (डोवर) से अलग करता है।
- कोर्सिका: फ्राँस का एक बड़ा भूमध्यसागरीय द्वीप, जो इटली के सार्डिनिया द्वीप के उत्तर में स्थित है।
- समुद्री क्षेत्र: अपने क्षेत्रफल के कारण, फ्राँस के पास विश्व का दूसरा सबसे बड़ा विशिष्ट आर्थिक क्षेत्र (EEZ) है (11 मिलियन वर्ग किमी. से अधिक), जिसका अधिकांश भाग हिंद-प्रशांत क्षेत्र में है।









